महर्षि दयानंद सरस्वती जयंती: राष्ट्र ने किया नम
Maharishi Dayanand Saraswati Jayanti: Nation pays homage

दिल्ली/प्रतिनिधि : आज महर्षि दयानंद सरस्वती की जयंती पर देशभर में उन्हें श्रद्धापूर्वक स्मरण किया गया। वैदिक और आध्यात्मिक परंपराओं के पुनर्जागरण के अग्रदूत दयानंद सरस्वती ने वर्ष 1875 में आर्य समाज की स्थापना कर समाज में फैली कुरीतियों, जातिवाद और रूढ़िवादिता के खिलाफ व्यापक आंदोलन चलाया। उन्होंने शिक्षा और सामाजिक सुधार को प्राथमिकता देते हुए महिलाओं के सशक्तिकरण पर विशेष जोर दिया।
राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और पीएम ने दी श्रद्धांजलि
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जयंती के अवसर पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। राष्ट्रपति ने कहा कि स्वामी दयानंद ने देश की शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा दी। उपराष्ट्रपति ने उनके महिला सशक्तिकरण और सांस्कृतिक संरक्षण के प्रयासों को ऐतिहासिक बताया। प्रधानमंत्री ने कहा कि उनके सामाजिक सुधारों का संदेश आज भी देशवासियों के लिए प्रेरणास्रोत है।



