
ShivSena सिंबल केस: बदल सकता है पावर बैलेंस
ShivSena Symbol Case: Power Balance in BMC Could Shift
मुंबई/प्रतिनिधि : शिवसेना, नेशनलिस्ट पार्टी और चुनाव चिन्ह से जुड़े मामले पर सुप्रीम कोर्ट में कल सुनवाई तय है। यह मामला अदालत की सूची में शामिल है, जिससे महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। वरिष्ठ अधिवक्ता असीम सरोदे ने भरोसा जताया है कि फैसला उद्धव ठाकरे के पक्ष में आ सकता है। सरोदे का कहना है कि यदि एकनाथ शिंदे से पार्टी और सिंबल छिनते हैं, तो शिंदे गुट का भारतीय जनता पार्टी में मर्जर लगभग तय होगा। इसका सीधा असर मुंबई म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन की राजनीति पर पड़ेगा। उन्होंने दावा किया कि ऐसी स्थिति में शिंदे सेना के कई नेता वापस उद्धव ठाकरे के साथ आ सकते हैं, जिससे असली शिवसेना और मजबूत होगी।
सरोदे ने यह भी कहा कि उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे की संभावित साझेदारी मुंबई की सियासत का रुख पलट सकती है। उनके मुताबिक, सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले से शुरू हुआ यह खेल अंततः सुप्रीम कोर्ट में ही खत्म होगा।



