Inter-Caste Marriage की वजह से सोशल बॉयकॉट
Social Boycott Due to Inter-Caste Marriage
📍 ठाणे शहर की घटना
📍 सामाजिक गतिविधियों में भाग लेने पर रोक
ठाणे – ठाणे शहर में रहने वाले एक जैन परिवार का इंटर-कास्ट मैरिज के कारण समाज द्वारा सामाजिक बहिष्कार किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि पुलिस और प्रशासन का सहारा लेने के बावजूद परिवार को अब तक न्याय नहीं मिला है। यह जानकारी एडवोकेट सागर कदम ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी। बहिष्कृत किए गए परिवार के मुखिया सोहनलाल छबीलाल जैन हैं, जो नामदेव वाड़ी, पंचपाखड़ी क्षेत्र में रहते हैं। पिछले चार महीनों से वे और उनका परिवार इस सामाजिक बहिष्कार का सामना कर रहे हैं।
ऑनर किलिंग से भी खतरनाक हुआ मामला-पीड़ित
बताया गया कि सोहनलाल जैन के बेटे दिव्येश जैन की शादी 30 नवंबर 2025 को श्वेतांबर समाज की सलोनी राजेश शाह से तय हुई थी। इस विवाह का दिगंबर समाज के कुछ पदाधिकारियों—महावीर टाया, जनरल सेक्रेटरी राजेंद्र कुमार मेहता, पब्लिसिटी मिनिस्टर जिनेंद्र कुमार सालिया, संजय भामावत, बसंतलाल भुखिया, अशोक धोलिया और ललित पंचोली—ने विरोध किया।विरोध के बावजूद, सोहनलाल जैन ने अपने बेटे की शादी का निर्णय बरकरार रखा। इसके बाद 24 अगस्त 2025 को भांडुप स्थि त जैन हॉल में एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें कथित रूप से यह निर्णय लिया गया कि समाज के बाहर विवाह करने वाले परिवारों का सामाजिक बहिष्कार किया जाएगा।
दिगंबर और श्वेतांबर समाज के बीच विवाद
एडवोकेट सागर कदम और सोहनलाल जैन के अनुसार, वर्ष 2025 में “बीसा नरसिंहपुरा दिगंबर जैन समाज, मुंबई” द्वारा “श्री बीसा नरसिंहपुरा दिगंबर जैन समाज (छप्पन-वागड़)” नामक एक ट्रस्ट का गठन किया गया था। इस ट्रस्ट का उद्देश्य समाज की भलाई और धार्मिक-सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देना था।हालांकि, आरोप है कि इसी ट्रस्ट के अध्यक्ष महावीर धूलचंद टाया और अन्य पदाधिकारियों ने इंटर-कास्ट मैरिज का विरोध किया.
निर्णय के अनुसार, ऐसे परिवारों को किसी भी सामाजिक कार्यक्रम में आमंत्रित करने वालों पर भी कार्रवाई और बहिष्कार लागू किया जाएगा।इसके बाद 16 नवंबर 2025 की बैठक में, सोहनलाल जैन की उपस्थिति में यह घोषणा की गई कि उनके बेटे की शादी में शामिल होने वाले समाज के सदस्यों पर जुर्माना और सामाजिक बहिष्कार लगाया जाएगा। साथ ही, गंभीर धमकियां दिए जाने का भी आरोप है।मुंबई से गांव तक दुष्प्रचार, फिर भी कार्रवाई नहीं-एड.सागर
30 नवंबर 2025 को विवाह संपन्न होने के बाद, एक व्हाट्सऐप ग्रुप के माध्यम से निर्देश जारी किए गए कि समारोह में शामिल लोगों को माफीनामा देना होगा और 11,000 रुपये का जुर्माना भरना होगा। इसके बाद 21 दिसंबर 2025 को सोहनलाल जैन के पैतृक गांव में एक बैठक कर उनके पूरे परिवार के सामाजिक बहिष्कार की सार्वजनिक घोषणा की गई। तब से समुदाय के लोगों ने उनसे सभी संबंध तोड़ लिए हैं। परिवार को किसी भी सामाजिक, धार्मिक या व्यक्तिगत कार्यक्रम में शामिल होने से रोका जा रहा है। यहां तक कि समुदाय के लोगों को उनके साथ पारिवारिक या पेशेवर संबंध रखने से भी मना किया गया है। एडवोकेट सागर कदम ने बताया कि इस मामले में नौपाड़ा पुलिस स्टेशन में लिखित शिकायत दर्ज कराने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है



