
जरांगे पाटील की लंबित मांगों पर चर्चा के लिए सरकार तैयार – आशिष शेलार
Government ready to discuss Jarange Patil's pending demands - Ashish Shelar.
मुंबई: मराठा समाज की विभिन्न मांगों को लेकर मनोज जरांगे पाटील जालना जिले के अंतरवाली सराटी से मुंबई के लिए रवाना हो गए हैं। मुंबई की ओर बढ़ रहे जरांगे पाटील मंगलवार रात बीड जिले के पाटोदा पहुंचकर वहां रुके। इस बीच जरांगे पाटील की तबीयत बिगड़ने की जानकारी सामने आई है। उनकी स्वास्थ्य जांच के लिए बीड के जिला सिविल सर्जन डॉ. सतीशकुमार सोलंके के नेतृत्व में विशेष मेडिकल टीम पाटोदा पहुंची। टीम की ओर से जरांगे पाटील की चिकित्सा जांच की जा रही है और आवश्यक उपचार भी दिया जा रहा है। जरांगे पाटील के मुंबई मार्च को देखते हुए कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पाटोदा में पुलिस का बंदोबस्त भी तैनात किया गया है।
लंबित मांगों पर सरकार बातचीत के लिए तैयार
इसी बीच भाजपा नेता और मंत्री आशिष शेलार ने कहा है कि मनोज जरांगे पाटील की लंबित मांगों पर सरकार चर्चा के लिए तैयार है। शेलार ने बुधवार को मुंबई में पत्रकारों से बातचीत के दौरान यह बात कही। शेलार ने कहा कि मराठा समाज की मांगों पर सरकार बातचीत के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि बातचीत के माध्यम से लंबित मुद्दों पर चर्चा की जा सकती है।
गणेशोत्सव के दौरान आंदोलन पर शेलार की आपत्ति
आशिष शेलार ने कहा कि गौरी-गणपति महाराष्ट्र के महत्वपूर्ण त्योहार हैं और ऐसे समय में जरांगे पाटील द्वारा आंदोलन किया जाना उचित नहीं है। उन्होंने मराठा आरक्षण के मुद्दे पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और एकनाथ शिंदे की ओर से लिए गए विभिन्न फैसलों का भी उल्लेख किया। शेलार ने कहा कि मराठा समाज के आरक्षण को लेकर दोनों नेताओं ने कई निर्णय लिए हैं। उन्होंने जरांगे पाटील की ओर से फडणवीस और शिंदे के खिलाफ इस्तेमाल की जा रही भाषा पर भी आपत्ति जताई।
पूर्व मुख्यमंत्रियों के कार्यों का भी किया उल्लेख
शेलार ने अपने बयान में महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्रियों शरद पवार, उद्धव ठाकरे और सुशीलकुमार शिंदे का भी उल्लेख किया। उन्होंने सवाल उठाया कि इन नेताओं के मुख्यमंत्री रहते मराठा समाज के लिए क्या कदम उठाए गए, इस पर जरांगे पाटील बात नहीं करते हैं। शेलार ने कहा कि मराठा समाज की मांगों के संदर्भ में पूर्व की सरकारों द्वारा उठाए गए कदमों पर भी चर्चा होनी चाहिए।
मुंबई मार्च पर सबकी नजर
मराठा समाज की विभिन्न मांगों को लेकर जरांगे पाटील अंतरवाली सराटी से मुंबई की ओर बढ़ रहे हैं। उनके मुंबई पहुंचने के कार्यक्रम को देखते हुए प्रशासन और पुलिस की ओर से भी तैयारियां की जा रही हैं। फिलहाल जरांगे पाटील की स्वास्थ्य स्थिति, उनका मुंबई मार्च और सरकार की ओर से बातचीत की पेशकश—इन तीनों घटनाक्रमों पर नजर बनी हुई है।



