
‘विधवा’ शब्द पर प्रतिबंध लगाओ, जानिए, राष्ट्रीय परिषद में क्यों उठी मांग
Ban the word 'widow', know why the demand was raised in the National Council
नासिक/प्रतिनिधिः महाराष्ट्र के नासिक में आज विधवा शब्द पर पारित एक प्रस्ताव ने देश में नई बहस छेड़ दी है.यहां आयोजित राष्ट्रीय परिषद के दौरान विधवा शब्द पर प्रतिबंध लगाने और उसके लिए वैकल्पिक शब्द खोजने का प्रस्ताव पेश किया गया जिसे सबने मंजूरी प्रदान कर दी. नासिक में यह परिषद राष्ट्रीय विधवा प्रथा उन्मूलन अधिनियम परिचर्चा के लिए आयोजित की गयी थी जहां विधवाओं ने प्रश्न खड़ा करते हुए कहा कि समाज में रहते हुए परिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों और स्वयं समाज द्वारा हीन भावना, भेदभावपूर्ण व्यवहार और मानसिक शोषण का कारण बनने वाली अवांछनीय रीति-रिवाजों और परंपराओं को झेलना दुष्कर हो रहा है.इसे समाप्त करके विधवाओं के साथ सामान्य महिलाओं की तरह व्यवहार किया जाना चाहिए। विश्व विधवा दिवस के अवसर पर सोमवार को आयोजित इस राष्ट्रीय विधवा उन्मूलन अधिनियम चर्चा सम्मेलन का उद्घाटन मुख्य अतिथि सामाजिक कार्यकर्ता प्रमोद जिंजाड़े, महिला एवं बाल विकास विभाग के विभागीय उपायुक्त चंद्रशेखर पगारे ने किया. इस अवसर पर राजू शिरसाठ, मुक्तेश्वर मुंशेट्टीवार, मनन सावंत और सुधाताई कोठारी मौजूद रहे।
विधवाओं ने प्रश्न खड़ा करते हुए कहा कि समाज में रहते हुएपरिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों और स्वयं समाज द्वारा हीन भावना, भेदभावपूर्ण व्यवहार और मानसिक शोषण का कारण बनने वाली अवांछनीय रीति-रिवाजों और परंपराओं को झेलना दुष्कर हो रहा हैविधवाओं के लिए परामर्श केंद्र स्थापित करने की जरूरत
अपने उद्घाटन भाषण में विभागीय चंद्रशेखर पगारे ने कहा कि सरकार विधवाओं के लिए विभिन्न योजनाओं को लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है. सरकार विधवाओं को संबल देने और उनके पुनरुत्थान की दिशा में कई उपक्रम चला रही है. इस परिषद में कई प्रस्तावों को पास किया गया. इनमें पहले प्रस्तुत किए गए मसौदा कानूनों का अध्ययन करना। विधवा शब्द पर प्रतिबंध लगाने और कोई विकल्प उपलब्ध कराने की मांग। सामाजिक सुरक्षा के साथ-साथ संपत्ति, चल-अचल संपत्ति के अधिकार के संबंध में कोई भी निर्णय लेने की स्थिति में परिवार की विधवा की सहमति लेना अनिवार्य करना। राज्य भर में विधवाओं के लिए परामर्श केन्द्र स्थापित करने, राष्ट्रीय कार्य समिति गठित करने आदि के प्रस्ताव शामिल रहे.



