
वर्ल्डस्किल्स शांघाई 2026 में महाराष्ट्र के युवाओं का शानदार प्रदर्शन
Outstanding performance by the youth of Maharashtra at WorldSkills Shanghai 2026.
महाराष्ट्र, मुंबई: चीन के शांघाई में 22 से 27 सितंबर तक आयोजित वर्ल्डस्किल्स शांघाई 2026 में महाराष्ट्र के युवा कौशलवंतों ने भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए शानदार प्रदर्शन किया। महाराष्ट्र के प्रतिभागियों ने प्रतियोगिता में एक रजत पदक और तीन ‘मेडल फॉर एक्सलेंस’ हासिल किए। भारत ने इस प्रतियोगिता में कुल छह रजत पदक और 20 ‘मेडल फॉर एक्सलेंस’ के साथ 10वां स्थान हासिल किया। महाराष्ट्र के कोविड अजय गंग्राडे ने डिजिटल इंटरैक्टिव मीडिया डिजाइन वर्ग में रजत पदक हासिल किया। डिजिटल डिजाइन के क्षेत्र में उनके प्रदर्शन ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर महाराष्ट्र और भारत का नाम रोशन किया।
इसके अलावा आईटी नेटवर्क सिस्टम्स एडमिनिस्ट्रेशन में खुशराज राठोड, केमिकल लैबोरेटरी टेक्नोलॉजी में संपदा देसाई और ब्यूटी थेरेपी में तहसीन सबीर सुतार ने ‘मेडल फॉर एक्सलेंस’ हासिल किया। महाराष्ट्र के कौशलवंतों की अंतरराष्ट्रीय उपलब्धियों में हर्ष पवार का नाम भी शामिल है। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया में आयोजित ग्लोबल स्किल चैलेंज 2026 में 3-D डिजिटल गेम आर्ट वर्ग में रजत पदक जीता था। इस तरह शांघाई और ऑस्ट्रेलिया में आयोजित अंतरराष्ट्रीय कौशल प्रतियोगिताओं में महाराष्ट्र के कुल पांच युवा कौशलवंतों ने पदक और उत्कृष्टता पुरस्कार हासिल किए।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर महाराष्ट्र का नाम रोशन करने वाले इन कौशलवंतों के लिए राज्य सरकार ने विशेष नकद पुरस्कारों की घोषणा की है। रजत पदक विजेता कोविड गंग्राडे और हर्ष पवार को 3-3 लाख रुपये दिए जाएंगे। वहीं ‘मेडल फॉर एक्सलेंस’ हासिल करने वाले खुशराज राठोड, संपदा देसाई और तहसीन सुतार को 1-1 लाख रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा।वर्ल्डस्किल्स शांघाई में भारत ने अपने अब तक के सबसे बड़े दल के साथ हिस्सा लिया। भारत के 70 प्रतिभागियों ने 63 कौशल क्षेत्रों में देश का प्रतिनिधित्व किया। भारतीय दल ने कुल छह रजत पदक और 20 ‘मेडल फॉर एक्सलेंस’ हासिल किए और प्रतियोगिता में 10वां स्थान प्राप्त किया। वर्ल्डस्किल्स जैसी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में युवाओं के तकनीकी, डिजिटल और व्यावसायिक कौशल का प्रदर्शन होता है।
महाराष्ट्र के युवाओं की इस उपलब्धि से राज्य में कौशल विकास और व्यावसायिक प्रशिक्षण को लेकर नई उम्मीदें भी बढ़ी हैं।



