हनहतियाल DDMA की बैठक में आपदा तैयारी की समीक्षा, अक्टूबर में मॉक एक्सरसाइज
Disaster preparedness reviewed at Hanhatiyal DDMA meeting mock exercise scheduled for October.

मिजोरम ,आइजोल: मिजोरम के हनहतियाल जिले में जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। यह बैठक आज DC मीटिंग हॉल, हनहतियाल में हुई, जिसकी अध्यक्षता DDMA की चेयरमैन एवं उपायुक्त (DC) श्रीमती K. Vanlalruati ने की। बैठक में जिले में आपदा प्रबंधन की तैयारियों, प्रशिक्षण कार्यक्रमों, मॉक एक्सरसाइज और विभिन्न विभागों की जिम्मेदारियों को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक को संबोधित करते हुए उपायुक्त ने बताया कि अक्टूबर महीने में भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदा की स्थिति से निपटने की तैयारी को लेकर मॉक एक्सरसाइज आयोजित की जाएगी। इस अभ्यास का उद्देश्य आपदा के समय प्रशासन, बचाव दल, स्वास्थ्य विभाग और अन्य संबंधित एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करना तथा आपात स्थिति में लोगों की सुरक्षा के लिए तैयारियों को परखना है। उन्होंने कहा कि किसी भी प्राकृतिक आपदा के दौरान नुकसान को कम करने के लिए पहले से तैयारी और नियमित अभ्यास बेहद जरूरी है। इसी उद्देश्य से DDMA के तहत आयोजित होने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रमों और एक्सरसाइज को प्राथमिकता देने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। बैठक में DDMA के सदस्यों को आपदा की स्थिति में अपनी-अपनी जिम्मेदारियों और त्वरित प्रतिक्रिया की प्रक्रिया को लेकर भी जागरूक रहने की बात कही गई।
29 सितंबर को प्रस्तावित प्रशिक्षण
बैठक में बताया गया कि 29 सितंबर को आपदा प्रबंधन से संबंधित प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने की योजना है। इस प्रशिक्षण में QRT यानी Quick Response Team और Medical Superintendent की ओर से रिसोर्स पर्सन के रूप में विशेषज्ञों के शामिल होने की उम्मीद है। प्रशिक्षण के माध्यम से अधिकारियों और संबंधित कर्मचारियों को आपदा की स्थिति में तत्काल प्रतिक्रिया, राहत एवं बचाव कार्य तथा आवश्यक समन्वय के बारे में व्यावहारिक जानकारी देने पर जोर दिया जाएगा।
सभी विभागों को Disaster Management Plan बनाने के निर्देश
बैठक में जिले के सभी सरकारी कार्यालयों को अपना-अपना Disaster Management Plan तैयार करने की आवश्यकता पर भी चर्चा की गई। योजना का उद्देश्य किसी भी आपदा के समय संबंधित कार्यालयों और विभागों की भूमिका पहले से निर्धारित करना है, ताकि आपात स्थिति में निर्णय लेने और राहत-बचाव कार्यों में अनावश्यक देरी न हो। इसके अलावा, जिले में School Safety Programme और Hospital Safety Programme के तहत प्रशिक्षण आयोजित करने के तरीकों पर भी चर्चा हुई। स्कूलों और अस्पतालों जैसे महत्वपूर्ण संस्थानों में आपदा की स्थिति से निपटने के लिए कर्मचारियों तथा संबंधित लोगों को आवश्यक प्रशिक्षण देने पर विचार किया गया।
जरूरी उपकरणों और संसाधनों की उपलब्धता पर चर्चा
बैठक में आपदा के दौरान तत्काल आवश्यकता पड़ने वाले जरूरी उपकरणों और संसाधनों की उपलब्धता की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने इस बात पर चर्चा की कि किसी भी आपदा के समय बचाव और राहत कार्यों को तेजी से शुरू करने के लिए आवश्यक संसाधन पहले से उपलब्ध और उपयोग के लिए तैयार रहें। DDMA की बैठक में जिले में आपदा प्रबंधन व्यवस्था को और मजबूत करने, विभिन्न विभागों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने तथा आम लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर विचार-विमर्श किया गया। बैठक में DDMA के सभी सदस्य उपस्थित रहे। प्रशासन की ओर से नियमित प्रशिक्षण, मॉक एक्सरसाइज और विभागीय आपदा प्रबंधन योजनाओं के माध्यम से हनहतियाल जिले की आपदा-तैयारी को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया।
हनहतियाल में हुई DDMA की बैठक का मुख्य उद्देश्य किसी भी प्राकृतिक आपदा के दौरान तत्काल और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना है। 29 सितंबर को प्रस्तावित प्रशिक्षण, अक्टूबर में होने वाली मॉक एक्सरसाइज, तथा सभी विभागों के Disaster Management Plan तैयार करने से प्रशासनिक तैयारियों को बेहतर बनाने पर जोर दिया गया है। स्कूलों, अस्पतालों और अन्य संस्थानों को भी आपदा प्रबंधन व्यवस्था से जोड़कर समन्वित राहत एवं बचाव प्रणाली विकसित करने की दिशा में कदम उठाया जा रहा है।
हनहतियाल प्रशासन का फोकस आपदा आने के बाद प्रतिक्रिया देने के बजाय पहले से तैयारी, नियमित अभ्यास और बेहतर समन्वय के माध्यम से जान-माल के नुकसान को कम करने पर है।



