Trending

चीनी पर सरकार का बड़ा फैसला, इंपोर्टेड रॉ शुगर 2 महीने में बेचनी होगी

Government's major decision on sugar: Imported raw sugar must be sold within two months.

दिल्ली: केंद्र सरकार ने ड्यूटी-फ्री बेसिस पर आयात की गई रॉ शुगर को रिफाइंड शुगर में प्रोसेस कर घरेलू बाजार में बेचने की समयसीमा में बदलाव किया है। सरकार के नए निर्देश के मुताबिक, अब इंपोर्टर्स को एंट्री बिल फाइल करने की तारीख से अधिकतम दो महीने के भीतर रॉ शुगर को रिफाइंड शुगर में बदलकर घरेलू बाजार में बिक्री के लिए उपलब्ध कराना होगा। सरकार ने यह फैसला आगामी त्योहारों के सीजन को देखते हुए लिया है। इसका उद्देश्य घरेलू बाजार में चीनी की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करना और कीमतों पर बढ़ते दबाव को कम करना है।

पहले 31 अक्टूबर तक थी डेडलाइन

डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ फॉरेन ट्रेड (DGFT) ने अगस्त की शुरुआत में टैरिफ रेट कोटा (TRQ) स्कीम के तहत 1 मिलियन टन यानी 10 लाख टन रॉ शुगर के आयात की अनुमति दी थी। इस योजना के तहत आयात की गई रॉ शुगर को प्रोसेस कर घरेलू बाजार में बेचने की अंतिम तारीख 31 अक्टूबर 2026 निर्धारित की गई थी।

हालांकि, घरेलू बाजार में चीनी की कीमतों में बढ़ोतरी को देखते हुए सरकार ने अब इस समयसीमा को और सख्त कर दिया है। नए नियम के तहत आयातक को एंट्री बिल दाखिल करने की तारीख से दो महीने के भीतर रॉ शुगर को रिफाइंड कर घरेलू बाजार में उपलब्ध कराना होगा। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस बदलाव के अलावा स्कीम की अन्य नियम और शर्तों में कोई परिवर्तन नहीं किया गया है।

त्योहारों से पहले बढ़ेगी चीनी की उपलब्धता

त्योहारों के दौरान घरेलू बाजार में चीनी की मांग आमतौर पर बढ़ जाती है। ऐसे में सरकार का फोकस बाजार में पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध रखने और कीमतों में अनावश्यक तेजी को रोकने पर है।

आयातित रॉ शुगर को जल्द से जल्द रिफाइंड कर घरेलू बाजार में उतारने से सप्लाई बढ़ने की उम्मीद है। इससे त्योहारों के दौरान बढ़ने वाली मांग को पूरा करने में मदद मिल सकती है और कीमतों पर दबाव कम किया जा सकता है।

सरकार ने आयात की अनुमति वाली मात्रा या अन्य शर्तों में बदलाव नहीं किया है। बदलाव सिर्फ रॉ शुगर को प्रोसेस कर घरेलू बाजार में उपलब्ध कराने की समयसीमा को लेकर किया गया है।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Back to top button

Adblock Detected

Please consider supporting us by disabling your ad blocker