
“मिड-डे मील योजना की समीक्षा बैठक : पोषण शक्ति निर्माण करने पर जोर”
Mid-Day Meal Scheme Review Meeting Held: Focus on Nutrition Empowerment
कुल्लू (हिमाचल प्रदेश): जिला कुल्लू में पीएम पोषण शक्ति निर्माण (मिड-डे मील) योजना की समीक्षा बैठक उपायुक्त तोरुल रवीश की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में उपनिदेशक प्रारंभिक शिक्षा सुनील ठाकुर, उपनिदेशक उच्च शिक्षा देश राज, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी डॉ. सुरेश कुमार, तथा खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का संचालन उपनिदेशक प्रारंभिक शिक्षा सुनील कुमार ने किया।बैठक में बताया गया कि जिले के 1009 प्री-प्राइमरी, प्राइमरी और अपर प्राइमरी स्कूलों में कुल 35,175 छात्रों को मिड-डे मील प्रदान किया जा रहा है। बच्चों को साप्ताहिक मेनू के अनुसार पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है, जिसमें सोमवार को दाल-चावल, मंगलवार को सब्जी पुलाव (मौसमी सब्जी), बुधवार को दाल-चावल, गुरुवार को न्यूट्री, आलू और चावल, शुक्रवार को आलू-पालक चावल (मौसमी सब्जी) और शनिवार को काले चने और चावल शामिल हैं।
बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि जिले के सभी 1009 विद्यालयों में किचन गार्डन स्थापित किए गए हैं। उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विद्यालयों में बच्चों को पौष्टिक भोजन और निर्धारित मेनू के अनुसार मिड-डे मील उपलब्ध कराया जाए।
उपायुक्त ने बताया कि इस योजना के तहत कुल्लू जिले को ₹4 करोड़ 6 लाख 60 हज़ार 276 रुपये का बजट आवंटित किया गया है। उन्होंने किचन की सफाई, शुद्ध पेयजल की उपलब्धता और नियमित भोजन की जांच सुनिश्चित करने के आदेश दिए।
साथ ही, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत सभी शिक्षण संस्थानों में बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच कराई जाए। शिक्षा विभाग के अधिकारियों को भी निर्देश दिए गए कि जिन विद्यालयों के किचन भवन मानसून में क्षतिग्रस्त हुए हैं, उनके एस्टीमेट शीघ्र तैयार किए जाएं ताकि आवश्यक धनराशि उपलब्ध कराई जा सके।
यह बैठक पीएम पोषण शक्ति निर्माण (मिड-डे मील) योजना के प्रभावी क्रियान्वयन और बच्चों के स्वास्थ्य व पोषण स्तर को सुनिश्चित करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।



