
गणेशोत्सव में सुरक्षा के कड़े इंतजाम, 2,700 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात
Tight security arrangements for Ganeshotsav over 2,700 police personnel deployed.
महाराष्ट्र,पिंपरी-चिंचवड़: गणेशोत्सव के दौरान शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और त्योहार को शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए पिंपरी-चिंचवड़ पुलिस आयुक्तालय क्षेत्र में 29 सितंबर 2026 तक निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है। पुलिस प्रशासन ने गणेशोत्सव के दौरान संभावित भीड़, जुलूस और सार्वजनिक आयोजनों को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया है। महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम की धारा 37 (1)(3) के तहत पुलिस सहआयुक्त डॉ. शशिकांत महावरकर ने यह आदेश जारी किया है। यह आदेश पुलिस आयुक्तालय के अंतर्गत आने वाले संबंधित क्षेत्रों में लागू रहेगा। जारी आदेश के अनुसार, निषेधाज्ञा की अवधि के दौरान पूर्व अनुमति के बिना पांच या पांच से अधिक व्यक्तियों के एकत्र होने पर प्रतिबंध रहेगा। इसके अलावा बिना अनुमति सभा आयोजित करने और जुलूस निकालने पर भी रोक रहेगी। सार्वजनिक स्थानों पर भीड़ एकत्र होने की स्थिति में संबंधित व्यक्तियों को प्रशासन की ओर से जारी नियमों और निर्देशों का पालन करना होगा। गणेशोत्सव के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु गणेश मंडलों, सार्वजनिक गणेशोत्सव स्थलों और विसर्जन मार्गों पर पहुंचते हैं। ऐसे में भीड़ को नियंत्रित करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन ने यह कदम उठाया है।
हथियार और ज्वलनशील पदार्थ रखने पर सख्त प्रतिबंध
निषेधाज्ञा के दौरान हथियार, विस्फोटक और ज्वलनशील पदार्थ रखने पर भी सख्त रोक लगाई गई है। त्योहार के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोकने के लिए पुलिस प्रशासन की ओर से ऐसे सामान की आवाजाही और उपयोग पर विशेष नजर रखी जाएगी। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी ऐसी गतिविधि का हिस्सा न बनें जिससे कानून-व्यवस्था प्रभावित हो या सार्वजनिक सुरक्षा के लिए खतरा पैदा हो।
2,700 से अधिक पुलिस अधिकारी और कर्मचारी तैनात
गणेशोत्सव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पिंपरी-चिंचवड़ पुलिस ने व्यापक बंदोबस्त किया है। शहर में 2,700 से अधिक पुलिस अधिकारी और कर्मचारी तैनात किए गए हैं। इसके अलावा करीब 550 होमगार्ड भी सुरक्षा व्यवस्था में सहयोग करेंगे। संवेदनशील और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में पुलिस की अतिरिक्त तैनाती की जाएगी। गणेशोत्सव के दौरान विभिन्न स्थानों पर होने वाले धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ-साथ गणेश विसर्जन के दौरान भीड़ प्रबंधन पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए स्टेट रिजर्व पुलिस फोर्स (SRPF) की टीमों को भी तैनात किया गया है। इसके साथ ही बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड (BDDS) की टीमें भी शहर में तैनात रहेंगी। किसी संदिग्ध वस्तु या सुरक्षा संबंधी खतरे की स्थिति में इन टीमों की सहायता ली जाएगी। इस व्यापक सुरक्षा व्यवस्था का उद्देश्य गणेशोत्सव के दौरान श्रद्धालुओं, गणेश मंडलों और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है
गणेश विसर्जन के दौरान रहेगी विशेष निगरानी
गणेशोत्सव के अंतिम चरण में विसर्जन के दौरान बड़ी संख्या में लोग सड़कों और विसर्जन स्थलों पर पहुंचते हैं। इस दौरान यातायात व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण और कानून-व्यवस्था पुलिस के लिए महत्वपूर्ण चुनौती होती है। इसे देखते हुए पुलिस प्रशासन द्वारा विसर्जन मार्गों और प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया जाएगा। भीड़ की स्थिति को देखते हुए आवश्यकतानुसार सुरक्षा व्यवस्था में बदलाव भी किया जा सकता है।
नागरिकों से नियमों का पालन करने की अपील
पुलिस प्रशासन ने गणेशोत्सव मनाने वाले नागरिकों और गणेश मंडलों से प्रशासन द्वारा जारी नियमों का पालन करने की अपील की है। गणेशोत्सव के दौरान धार्मिक उत्साह के साथ-साथ सार्वजनिक व्यवस्था और सुरक्षा का ध्यान रखना जरूरी है। नागरिकों से किसी भी प्रकार की अफवाह पर विश्वास न करने और संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील की गई है। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि निषेधाज्ञा के दौरान जारी आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी। बिना अनुमति भीड़ एकत्र करना, सभा आयोजित करना, जुलूस निकालना अथवा प्रतिबंधित वस्तुएं रखना आदेश का उल्लंघन माना जा सकता है और संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
शांतिपूर्ण गणेशोत्सव पर पुलिस का जोर
पिंपरी-चिंचवड़ में गणेशोत्सव के दौरान बड़ी संख्या में सार्वजनिक और घरेलू गणपति उत्सव आयोजित किए जाते हैं। अलग-अलग इलाकों में सांस्कृतिक कार्यक्रम और धार्मिक आयोजन भी होते हैं। ऐसे में पुलिस प्रशासन की प्राथमिकता शांतिपूर्ण तरीके से उत्सव संपन्न कराना, भीड़ का प्रभावी प्रबंधन करना और किसी भी अप्रिय घटना को रोकना है। पुलिस बल, होमगार्ड, SRPF और BDDS की तैनाती के साथ प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को व्यापक रूप देने की तैयारी की है।
पिंपरी-चिंचवड़ में गणेशोत्सव के मद्देनजर 29 सितंबर तक निषेधाज्ञा लागू की गई है। बिना पूर्व अनुमति पांच या उससे अधिक लोगों के एकत्र होने, सभा करने और जुलूस निकालने पर प्रतिबंध रहेगा। साथ ही हथियार, विस्फोटक और ज्वलनशील पदार्थ रखने पर भी रोक लगाई गई है। शहर में 2,700 से अधिक पुलिस अधिकारी-कर्मचारी, 550 होमगार्ड, SRPF और BDDS की टीमें सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगी। पुलिस प्रशासन ने नागरिकों और गणेश मंडलों से नियमों का पालन करते हुए गणेशोत्सव को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से मनाने की अपील की है।



