भारत-पोलैंड ने बढ़ाया सहयोग का दायरा, आतंकवाद के खिलाफ भी साथ
India-Poland expanded the scope of cooperation, also against terrorism.

नई दिल्ली: भारत और पोलैंड ने द्विपक्षीय आर्थिक एवं रणनीतिक संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण सहमति जताई है। दोनों देशों ने वर्ष 2030 तक आपसी व्यापार को दोगुना करने और रक्षा उद्योग संवाद स्थापित करने पर सहमति व्यक्त की है।यह निर्णय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क के बीच नई दिल्ली में हुई उच्चस्तरीय वार्ता के दौरान लिया गया। बैठक में दोनों देशों के बीच व्यापार, निवेश, रक्षा सहयोग, आतंकवाद से मुकाबला और वैश्विक मुद्दों सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई। विदेश मंत्रालय में पश्चिमी मामलों के सचिव सिबी जॉर्ज ने वार्ता के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि भारत और पोलैंड ने द्विपक्षीय व्यापार को वर्ष 2030 तक दोगुना करने का लक्ष्य तय किया है। इसके साथ ही दोनों देशों के बीच रक्षा क्षेत्र में सहयोग को आगे बढ़ाने के लिए रक्षा उद्योग संवाद स्थापित करने पर भी सहमति बनी है।
आपदा प्रबंधन और आतंकवाद के खिलाफ सहयोग
सिबी जॉर्ज ने बताया कि पोलैंड आपदारोधी अवसंरचना गठबंधन में शामिल हो गया है। इसके अलावा भारत और पोलैंड ने आतंकवाद-रोधी वार्ता शुरू करने पर भी सहमति जताई है। इससे दोनों देशों के बीच रणनीतिक सहयोग का दायरा और व्यापक होने की उम्मीद है। आतंकवाद से निपटने, आपदा-रोधी बुनियादी ढांचे और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर दोनों देश एक-दूसरे के साथ सहयोग बढ़ाएंगे।
रूस-यूक्रेन युद्ध पर भी हुई चर्चा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क के बीच हुई बातचीत में रूस-यूक्रेन संघर्ष सहित विभिन्न वैश्विक घटनाक्रमों पर भी विचार-विमर्श हुआ। सिबी जॉर्ज ने बताया कि पोलैंड ने रूस-यूक्रेन संघर्ष के समाधान के लिए भारत के राजनयिक प्रयासों और दृष्टिकोण की सराहना की है। भारत लगातार इस बात पर जोर देता रहा है कि संघर्ष का समाधान वार्ता और कूटनीति के माध्यम से होना चाहिए। विदेश मंत्रालय के सचिव ने कहा कि भारत का रुख स्पष्ट है कि युद्ध और संघर्ष का स्थायी समाधान बातचीत और कूटनीतिक माध्यमों से ही संभव है। उन्होंने यह भी बताया कि यूक्रेन और रूस दोनों ने भारत के दृष्टिकोण और विचारों की सराहना की है।
भारत-पोलैंड संबंधों को मिलेगी नई दिशा
भारत और पोलैंड के बीच व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य दोनों देशों के आर्थिक संबंधों के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। रक्षा उद्योग संवाद और आतंकवाद-रोधी सहयोग से दोनों देशों की रणनीतिक साझेदारी को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और डोनाल्ड टस्क की वार्ता के बाद भारत-पोलैंड संबंधों में व्यापार, रक्षा, सुरक्षा और वैश्विक कूटनीति के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने की दिशा स्पष्ट हुई है।



